
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार समृद्धि यात्रा के दौरान मधेपुरा पहुंचे. उनके साथ उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी भी थे . मुख्यमंत्री ने मधेपुरा में 216 करोड़ रुपये की लागत से पूरी हुई 158 योजनाओं का भी उद्घाटन कियाऔर इसके साथ ही 86 करोड़ की लागत से विभिन्न योजनाओं का शिलान्यास किया.मुख्यमंत्री के साथ मंच पर मंत्री विजय कुमार चौधरी, लेसी सिंह, नरेंद्र नारायण यादव समेत अन्य मौजूद थे. मुख्यमंत्री ने कहा कि पहले बिहार में कोई काम नहीं होता था, जबसे हमलोगों की सरकार बनी है तब से हर क्षेत्र का विकाश हो रहा है.पुरे बिहार में अपराध पर रोक लगी है और सड़कें बनी है. शिक्षा के क्षेत्र में भी बड़े पैमाने पर शिक्षकों की बहाली की गई. पहले स्वास्थ्य व्यवस्था का हालत बहुत ही खराब था.कुछ भी सुविधा नहीं रहने के कारण लोग सरकारी अस्पताल नहीं जाते थे.
हमारी सरकार आने से 2006 से ही अस्पतालों में मरीजों की भीड़ बढ़ी है.बिहार में पहले मात्र 6 मेडिकल कॉलेज थी, इसकी संख्या बढ़ाई गई है.पीएमसीएच में 5400 बेड की व्यवस्था की गई है. पांच पुराने मेडिकल कॉलेज में 2500 बेड की व्यवस्था की जाएगी. आईजीआईएमएस में काफी काम करवाएं हैं. सड़कों, पुल पुलियों का निर्माण कराया गया और रेल ओवर ब्रिज, बाईपास रोड का निर्माण कराया गया. राज्य के सबसे दूर के इलाके से मात्र 5 घंटा में पटना पहुंचा जा सकता है. कृषि के क्षेत्र में भी काफी विकास हुआ है.यहाँ की किसानों की आय बढ़ी है. मछली पान के क्षेत्र में बिहार आत्मनिर्भर बन गया है . सात निश्चय एक, दो और तीन के तहत बहुत काम किया गया और किया जा रहा है . 2018 में हर घर बिजली पहुंचाई गई. घरेलू उपभोक्ताओं को मुफ्त में बिजली दी जा रही है.अब सरकार के तरफ से सभी इच्छुक लोगों के घरों पर सोलर पैनल लगाया जाएगा. 50 लाख घरों पर सोलर लगाने की स्वीकृति भी मिल गई है .

