
सुभाष यादव ने कहा की लालू प्रसाद ने तेज प्रताप यादव को पार्टी परिवार से निकालकर गलत काम किया है .तेज प्रताप को अलग करने में कुछ लोग लगे थे और आज अलग करवा भी दिया.एक पिता को अपने बेटे के साथ ऐसा नहीं करना चाहिए . भावना में आकर तेज प्रताप अगर कुछ लेते तो क्या होता.तेजस्वी को फैसला लेने के लिए लालू जी को समझाना चाहिए था.रघुवंश बाबू जगदाबाबू के खिलाफ बोला गया. नीतीश कुमार के खिलाफ बोला गया उस वक़्त मर्यादा का उल्लंघन लालू जी को नहीं दिखा था क्या ?मामले पर तेज प्रताप और अनुष्का यादव को आगे आकर सच बतानी चाहिए.तेज प्रताप को पार्टी परिवार से निकालने का राजनीति में बुरा असर पड़ेगा.

